Pappu Yadav Security Guard Controversy: सांसद पप्पू यादव ने सुरक्षाकर्मी को दिया धक्का? वायरल वीडियो पर पूर्व DGP शेष पॉल वैद ने उठाए सवाल
मधेपुरा के खुर्दा महोत्सव में मंच पर तैनात जवान को धक्का देने का वीडियो वायरल, पूर्व डीजीपी ने अमित शाह और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को टैग कर कार्रवाई की मांग उठाई
पटना/मधेपुरा, 27 अक्टूबर 2026। बिहार के पूर्णिया से निर्दलीय सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव एक बार फिर विवादों में घिर गए हैं। मधेपुरा जिले के खुर्दा महोत्सव के दौरान अपनी सुरक्षा में तैनात एक जवान को कथित तौर पर धक्का देने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो सामने आने के बाद सांसद के व्यवहार को लेकर सवाल उठ रहे हैं। अब जम्मू-कश्मीर के पूर्व पुलिस महानिदेशक शेष पॉल वैद ने भी इस घटना पर कड़ी आपत्ति जताई है।
Pappu Yadav Security Guard Controversy में पूर्व डीजीपी शेष पॉल वैद की प्रतिक्रिया के बाद मामला और चर्चा में आ गया है। उन्होंने सोशल मीडिया पर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को टैग करते हुए इस घटना का संज्ञान लेने की मांग की है।
हालांकि, वायरल वीडियो में दिखाई देने वाली घटना की पूरी परिस्थितियां स्पष्ट नहीं हैं। जवान को मंच से नीचे जाने के लिए क्यों कहा गया और उससे पहले क्या बातचीत हुई थी, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
खुर्दा महोत्सव के मंच पर क्या हुआ?
मामला बिहार के मधेपुरा जिले के कुमारखंड प्रखंड स्थित खुर्दा गांव का है, जहां दुर्गा पूजा के अवसर पर खुर्दा महोत्सव का आयोजन किया गया था।
इस महोत्सव में खेलकूद, सांस्कृतिक कार्यक्रम और भोजपुरी कलाकारों की प्रस्तुतियां आयोजित की गई थीं। पूर्णिया सांसद पप्पू यादव भी कार्यक्रम के आयोजन से जुड़े हुए थे।
महोत्सव के दौरान बड़ी संख्या में लोग कार्यक्रम देखने पहुंचे थे। मंच पर कलाकारों और अतिथियों की मौजूदगी के बीच सुरक्षा व्यवस्था के लिए जवान भी तैनात थे।
इसी दौरान का एक वीडियो सामने आया है, जिसमें पप्पू यादव अपने पीछे खड़े एक वर्दीधारी जवान की ओर मुड़ते दिखाई देते हैं।
वीडियो में वह जवान को मंच से नीचे जाने का इशारा करते हैं और फिर उसे हाथ से धक्का देते नजर आते हैं।
इसके बाद जवान मंच से नीचे उतर जाता है।
CRPF या BSAP का जवान होने की चर्चा
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, वीडियो में दिखाई देने वाला सुरक्षाकर्मी केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल यानी CRPF या बिहार स्पेशल आर्म्ड पुलिस (BSAP) का जवान बताया जा रहा है।
हालांकि, संबंधित जवान की पहचान और वह किस सुरक्षा बल से जुड़ा है, इसकी आधिकारिक पुष्टि उपलब्ध जानकारी में स्पष्ट नहीं है।
बताया जा रहा है कि जवान कार्यक्रम के दौरान सांसद की सुरक्षा व्यवस्था में तैनात था।
ऐसे में सार्वजनिक मंच पर उसके साथ हुए व्यवहार को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
पूर्व DGP शेष पॉल वैद ने जताई नाराजगी
वायरल वीडियो पर जम्मू-कश्मीर के पूर्व डीजीपी शेष पॉल वैद ने प्रतिक्रिया दी है।
उन्होंने इस घटना को लेकर सांसद के व्यवहार पर सवाल उठाए और कहा कि यदि वायरल वीडियो वास्तविक है, तो ड्यूटी पर तैनात सुरक्षाकर्मी के साथ ऐसा व्यवहार बेहद अनुचित है।
पूर्व डीजीपी ने इस मामले में संबंधित अधिकारियों से कार्रवाई पर विचार करने की अपील की।
उन्होंने सांसद को उपलब्ध सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करने या सुरक्षा कम करने जैसे कदमों पर भी विचार करने की बात कही।
हालांकि, सुरक्षा में बदलाव का निर्णय संबंधित सक्षम प्राधिकारी ही निर्धारित नियमों और सुरक्षा आकलन के आधार पर ले सकते हैं।
अमित शाह और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को किया टैग
पूर्व डीजीपी शेष पॉल वैद ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को भी टैग किया।
उनकी प्रतिक्रिया के बाद यह मामला केवल सोशल मीडिया की चर्चा तक सीमित नहीं रहा, बल्कि जनप्रतिनिधियों के आचरण और सुरक्षाकर्मियों के सम्मान से जुड़ी बहस का विषय बन गया है।
पूर्व डीजीपी ने सवाल उठाया कि ड्यूटी कर रहे सुरक्षाकर्मी के साथ सार्वजनिक मंच पर इस तरह का व्यवहार किस हद तक उचित माना जा सकता है।
हालांकि, उनकी पोस्ट के आधार पर किसी सरकारी कार्रवाई की पुष्टि नहीं की जा सकती।
खेसारी लाल यादव के कार्यक्रम के दौरान सामने आया वीडियो
खुर्दा महोत्सव में भोजपुरी अभिनेता और गायक खेसारी लाल यादव की प्रस्तुति भी आयोजित की गई थी।
इस कार्यक्रम को देखने के लिए बड़ी संख्या में दर्शक पहुंचे थे।
वायरल वीडियो को इसी सांस्कृतिक आयोजन से संबंधित बताया जा रहा है।
कार्यक्रम के दौरान मंच पर लोगों की आवाजाही और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने की चुनौती भी थी।
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, पप्पू यादव कार्यक्रम में मौजूद लोगों से व्यवस्था बनाए रखने की अपील भी कर रहे थे।
इसी बीच सुरक्षाकर्मी को मंच से नीचे भेजने वाला घटनाक्रम सामने आया।
हालांकि, यह स्पष्ट नहीं है कि जवान को मंच से हटाने का कारण सुरक्षा व्यवस्था से जुड़ा था या कोई अन्य परिस्थिति थी।
वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर आलोचना
जैसे ही वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया, सांसद पप्पू यादव के व्यवहार को लेकर प्रतिक्रियाएं आने लगीं।
कई लोगों ने सवाल उठाया कि यदि जवान अपनी ड्यूटी कर रहा था, तो उसे इस तरह धक्का देना कितना उचित था।
कुछ सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं ने सुरक्षाकर्मियों के सम्मान और जनप्रतिनिधियों की जिम्मेदारी का मुद्दा उठाया।
वहीं, किसी घटना का पूरा संदर्भ जाने बिना अंतिम निष्कर्ष निकालने से बचने की जरूरत भी है।
वीडियो के आधार पर दिखाई देने वाले दृश्य और उससे पहले की परिस्थितियों में अंतर हो सकता है।
सुरक्षाकर्मियों के सम्मान को लेकर छिड़ी बहस
इस घटना ने जनप्रतिनिधियों और उनकी सुरक्षा में तैनात जवानों के बीच व्यवहार को लेकर चर्चा शुरू कर दी है।
सुरक्षाकर्मियों की जिम्मेदारी संबंधित व्यक्ति की सुरक्षा सुनिश्चित करना और कार्यक्रम स्थल पर संभावित जोखिमों का आकलन करना होती है।
भीड़भाड़ वाले आयोजनों में उन्हें लगातार सतर्क रहना पड़ता है।
ऐसे में सार्वजनिक कार्यक्रमों में सुरक्षाकर्मियों के साथ सम्मानजनक व्यवहार की अपेक्षा की जाती है।
वहीं, सुरक्षा प्रबंधन से संबंधित निर्देशों का पालन करना भी महत्वपूर्ण होता है।
क्या पप्पू यादव के खिलाफ होगी कार्रवाई?
वायरल वीडियो के बाद कार्रवाई की मांग उठी है, लेकिन उपलब्ध जानकारी के अनुसार इस विशेष घटना में किसी औपचारिक कानूनी कार्रवाई की पुष्टि नहीं हुई है।
यह भी स्पष्ट नहीं है कि संबंधित जवान ने किसी अधिकारी या विभाग के समक्ष शिकायत दर्ज कराई है या नहीं।
किसी कार्रवाई के लिए वीडियो की प्रामाणिकता, घटना की पूरी परिस्थितियों और संबंधित पक्षों के बयानों का परीक्षण महत्वपूर्ण होगा।
पूर्व डीजीपी की प्रतिक्रिया को कार्रवाई की मांग के रूप में देखा जा सकता है, न कि किसी सरकारी आदेश के रूप में।
पप्पू यादव की सफाई का इंतजार
इस विवाद के बीच सांसद पप्पू यादव का पक्ष महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
उपलब्ध रिपोर्टों में इस घटना को लेकर उनकी ओर से कोई विस्तृत आधिकारिक स्पष्टीकरण सामने आने की पुष्टि नहीं हुई है।
सांसद की प्रतिक्रिया के बाद यह स्पष्ट हो सकता है कि उन्होंने जवान को मंच से नीचे जाने के लिए क्यों कहा और उस समय क्या परिस्थितियां थीं।
संबंधित सुरक्षाकर्मी या सुरक्षा अधिकारियों का बयान भी पूरे मामले को समझने में महत्वपूर्ण होगा।
Pappu Yadav Security Guard Controversy: आगे क्या?
Pappu Yadav Security Guard Controversy अब बिहार की राजनीति और सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन गया है।
मधेपुरा के खुर्दा महोत्सव से सामने आए वीडियो में सांसद पप्पू यादव एक वर्दीधारी जवान को मंच से नीचे जाने का इशारा करते और धक्का देते नजर आते हैं।
जम्मू-कश्मीर के पूर्व डीजीपी शेष पॉल वैद ने इस घटना पर आपत्ति जताते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी का ध्यान आकर्षित किया है।
अब इस मामले में सांसद का आधिकारिक पक्ष, संबंधित जवान की पहचान और सक्षम अधिकारियों की प्रतिक्रिया महत्वपूर्ण होगी।
फिलहाल वायरल वीडियो के पूरे संदर्भ की पुष्टि बाकी है। ऐसे में किसी कानूनी उल्लंघन या अनुशासनात्मक कार्रवाई के संबंध में अंतिम निष्कर्ष निकालना जल्दबाजी होगी।

