बक्सर में गांधी जयंती पर सात बुजुर्ग कैदी रिहा, परिवारों से मिलकर हुए भावुक
बिहार के बक्सर में गांधी जयंती पर सात बुजुर्ग कैदियों की रिहाई हुई। लंबे समय से जेल में रह रहे इन लोगों को लेने उनके परिजन केंद्रीय कारा के बाहर पहुंचे थे। बिहार सरकार के आदेश के बाद 2 अक्टूबर को रिहाई की प्रक्रिया पूरी की गई। सबसे बुजुर्ग रामबृक्ष कोइरी की उम्र 93 वर्ष बताई गई है। aajtak.in
दादा से मिलते ही रो पड़ी पोती
रिहाई के दौरान अपने दादा को लेने पहुंची एक पोती भावुक हो गई। उसने बताया कि वह उनसे मिलने जेल आती रहती थी और उनकी रिहाई के लिए पहले भी प्रयास किए थे। परिवार ने अब घर पर उनकी देखभाल करने की बात कही। aajtak.in
अच्छे आचरण के आधार पर मिला अवसर
रिपोर्ट के मुताबिक, रिहाई की प्रक्रिया में 14 वर्ष या उससे अधिक की सजा पूरी कर चुके कैदियों के अच्छे आचरण और व्यक्तित्व में सुधार को आधार बनाया गया। केवल जेल में बिताई अवधि के बजाय उनके व्यवहार पर भी विचार किया गया। aajtak.in
जेल के बाहर परिवारों ने किया स्वागत
कई वर्षों बाद घर लौट रहे बुजुर्गों का परिजनों ने स्वागत किया। परिवारों के लिए यह लंबे इंतजार के खत्म होने का अवसर था। रिहाई के बाद बुजुर्ग अपने परिजनों के साथ घर रवाना हुए। aajtak.in
रिपोर्टर; ध्रुव सिंह, मुख्य संवाददाता पंजाब
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