Ben Stokes Headingley: 2019 में 135 की ऐतिहासिक पारी, ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ रचा था इतिहास*
Ben Stokes Headingley: 135* की ऐतिहासिक पारी, जब 67 रन पर ढेर होने के बाद इंग्लैंड ने पलट दिया था मैच
25 अगस्त 2019 का दिन क्रिकेट इतिहास में हमेशा याद किया जाएगा। इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया के बीच एशेज सीरीज के तीसरे टेस्ट में बेन स्टोक्स ने ऐसी पारी खेली, जिसने उन्हें क्रिकेट के सबसे बड़े मैच-विनर्स में शामिल कर दिया। हेडिंग्ले टेस्ट में इंग्लैंड के सामने 359 रनों का विशाल लक्ष्य था और पहली पारी में पूरी टीम महज 67 रन पर ऑलआउट हो गई थी। ऐसे में ऑस्ट्रेलिया की जीत लगभग तय मानी जा रही थी, लेकिन बेन स्टोक्स ने पूरा मैच ही पलट दिया।
पहली पारी में सिर्फ 67 रन पर सिमट गया था इंग्लैंड
हेडिंग्ले में खेले गए तीसरे टेस्ट की पहली पारी में इंग्लैंड का प्रदर्शन बेहद खराब रहा। टीम सिर्फ 67 रन पर ऑलआउट हो गई। इसके बाद ऑस्ट्रेलिया ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए इंग्लैंड के सामने दूसरी पारी में जीत के लिए 359 रन का लक्ष्य रख दिया।
इतने बड़े लक्ष्य और पहली पारी की शर्मनाक हार के बाद इंग्लैंड के लिए मुकाबला जीतना लगभग असंभव माना जा रहा था। लेकिन दूसरी पारी में इंग्लैंड ने पूरी तरह अलग अंदाज में बल्लेबाजी की।
बेन स्टोक्स और जॉनी बेयरस्टो ने जगाई उम्मीद
चौथे दिन की शुरुआत में इंग्लैंड का स्कोर 156 रन पर 3 विकेट था। बेन स्टोक्स ने जॉनी बेयरस्टो के साथ मिलकर पारी को संभाला। दोनों के बीच 86 रनों की साझेदारी हुई और इंग्लैंड की जीत की उम्मीद फिर से जिंदा हो गई।
हालांकि, इसके बाद ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों ने लगातार विकेट लेकर इंग्लैंड को मुश्किल में डाल दिया। देखते ही देखते इंग्लैंड के 9 विकेट गिर गए और जीत के लिए अभी भी जरूरी रन बाकी थे।
आखिरी विकेट पर बेन स्टोक्स के साथ थे जैक लीच
इंग्लैंड की आखिरी उम्मीद अब बेन स्टोक्स पर टिकी थी। दूसरे छोर पर नंबर-11 बल्लेबाज जैक लीच मौजूद थे।
लीच ने करीब एक घंटे तक क्रीज पर टिककर स्टोक्स का साथ दिया और इस दौरान उन्होंने सिर्फ 1 रन बनाया। दूसरी तरफ स्टोक्स लगातार ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाजों पर दबाव बनाते रहे।
स्टोक्स ने नाथन लायन की गेंद पर शानदार रिवर्स-स्वीप छक्का लगाकर मैच का रुख और भी रोमांचक बना दिया।
जीत से ठीक पहले चूक गए नाथन लायन
मैच अपने सबसे रोमांचक मोड़ पर पहुंच चुका था। इंग्लैंड को जीत के लिए सिर्फ 2 रन चाहिए थे। इसी दौरान नाथन लायन के पास जैक लीच को रन आउट करने का आसान मौका आया, लेकिन वह मौका हाथ से निकल गया।
इसके बाद बेन स्टोक्स ने पैट कमिंस की गेंद पर कवर के ऊपर से चौका लगाकर इंग्लैंड को ऐतिहासिक जीत दिला दी।
बेन स्टोक्स ने बनाए 135 रन
इस ऐतिहासिक मुकाबले में बेन स्टोक्स 135 रन बनाकर नाबाद रहे। जैक लीच ने 1 रन बनाकर उनका साथ दिया। दोनों ने आखिरी विकेट के लिए नाबाद 76 रनों की साझेदारी की, जो टेस्ट क्रिकेट की सबसे यादगार साझेदारियों में शामिल हो गई।
इंग्लैंड ने 359 रनों के लक्ष्य को हासिल करते हुए 1 विकेट से जीत दर्ज की और एशेज सीरीज में वापसी करते हुए स्कोर 1-1 कर दिया।
131 साल में पहली बार हुआ ऐसा
हेडिंग्ले की इस जीत ने टेस्ट क्रिकेट में एक अनोखा रिकॉर्ड भी बनाया। इंग्लैंड ऐसी पहली टीम बनी जिसने 131 साल में पहली बार पहली पारी में 70 से कम रन पर ऑलआउट होने के बावजूद टेस्ट मैच जीता।
बेन स्टोक्स की यह पारी इसलिए भी खास रही क्योंकि उन्होंने उस समय बल्लेबाजी की जब टीम बेहद दबाव में थी और उसके पास सिर्फ एक विकेट बचा था। उन्होंने आक्रामक बल्लेबाजी के साथ धैर्य का शानदार उदाहरण पेश किया।
क्रिकेट इतिहास की अमर पारियों में शामिल
बेन स्टोक्स की 135* रन की यह पारी आज भी एशेज इतिहास की सबसे यादगार पारियों में गिनी जाती है। 359 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए आखिरी विकेट के लिए जैक लीच के साथ उनकी साझेदारी ने इस टेस्ट को क्रिकेट के सबसे रोमांचक मुकाबलों में शामिल कर दिया।
25 अगस्त 2019 को हेडिंग्ले में जो हुआ, वह सिर्फ इंग्लैंड की जीत नहीं थी, बल्कि बेन स्टोक्स की ऐसी ऐतिहासिक पारी थी जिसने असंभव दिख रहे रन चेज को हकीकत में बदल दिया।

